January 20, 2022
उत्तरप्रदेश

custodial deaths : कासगंज पुलिस स्टेशन में शख्स ने टॉयलेट की टोंटी से लगाई फांसी ?

custodial deaths : कासगंज पुलिस स्टेशन में शख्स ने टॉयलेट की टोंटी से लगाई फांसी ?

यूपी (UP) में फिर एक बार पुलिस कसडी (police custody) में एक शख्स की मौत को लेकर यूपी पुलिस निशाने पर है। घटना मंगलवार की है जब कोतवाली कासगंज (kasganj police station) में अल्ताफ (altaf) नाम के शख्स को बेहोशी की हालत में पाया गया। प्राथमिक चिकित्सा के लिए अस्पताल ले जाने के दौरान अल्ताफ़ को मृत घोषित कर दिया गया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अल्ताफ़ पर दर्ज केस में अल्ताफ़ को सवाल जवाब के लिए कोतवाली लाया गया था। पुलिस कसडी में अल्ताफ़ की मौत के बाद सोशल मीडिया पर यूपी पुलिस की कार्यवाही पर सवाल उठ रहे हैं।

पुलिस ने क्या कहा…

22 साल के अल्ताफ़ की पुलिस कसडी में मौत के बाद कोतवाली कासगंज के SP रोहन प्रोमोद बाथरे (Rohan pramod bothre) (IPS) की तरफ से ट्विटर पर एक वीडियो शेयर की गई। वीडियो में पत्रकारों को जवाब देते हुए उन्होंने बताया कि मंगलवार को अल्ताफ़ पर दर्ज केस के सिलसिले में पूछताछ के लिए उसे कोतवाली लाया गया था। पूछताछ के दौरान अल्ताफ़ ने टॉयलेट जाने की गुजारिश की, लंबे समय तक टॉयलेट से न आने पर पुलिस ने उसे टॉयलेट में बेहोश पाया। पुलिस आनन फानन में प्राथमिक चिकित्सा के लिए अशोक नगर
ले गए जहां इलाज के दौरान अल्ताफ़ की मौत हो गयी।

टॉयलेट की टोंटी से लगाई फांसी :

पुलिस का कहना है कि, अल्ताफ़ ने टॉयलेट में फांसी लगाकर आत्महत्या करने की कोशिश की। अल्ताफ़ ने अपनी जैकेट में लगे हुड के नाडे को टॉयलेट में लगी टोंटी से बांधा और अपना गला घोटने की कोशिश की। जिसके बाद प्रथमिक चिकित्सा में उसकी मौत हो गयी। पुलिस के इस बयान पर सोशल मीडिया पर अलग अलग प्रतिक्रिया देखने को मिल रही हैं। सपा नेता अखिलेश यादव, बसपा सुप्रीमो मायावती, यूपी में कोंग्रेस की महासचिव प्रियंका गांधी ने घटना पर दुख जताते हुए पुलिस की कार्यवाही पर सवाल उठाए। वहीं दूसरी और 2 फिट की टोंटी से अल्ताफ़ के फांसी लगाने वाले पुलिस के बयान पर यूपी पुलिस ट्रोल हो रही है


अल्ताफ़ पर लगे आरोप क्या है..

अल्ताफ़ पर एक माइनर यानी नाबालिक हिन्दू लड़की को भगाने और उस पर शादी के लिए दवाब बनने का आरोप था। पुलिस के मुताबिक, अल्ताफ़ को IPC की धारा 363 और 366 के तहत मंगलवार 8 नवंबर को पूछताछ के लिए पुलिस स्टेशन लाए थे। वहीं अल्ताफ़ के पिता चांद मियां ने मीडिया और पत्रकारों को बताया कि उन्होंने खुद बेटे अल्ताफ़ को पुलिस के हवाले किया था। उन्हें यकीन था कि पूछताछ के बाद अल्ताफ़ घर आ जाएगा, लेकिन पुलिस कसडी में हुई बेटे की मौत से उन्हें बड़ा धक्का लगा है।

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Sushma Tomar